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मप्र के कैबिनेट मंत्री गोपाल भार्गव के क्षेत्र में कर्ज में डूबे एक और किसान ने फांसी लगाकर जान दी.. दूसरे साल भी सोयाबीन बरबाद हो जाने सेे परेशान किसान ने खड़ी फसल में बखरनी करवा दी थी.. गढ़ाकोटा पुलिस जांच में जुटी..

 दस दिनों से लापता किसान का शव जंगल में मिला

सागर। मध्य प्रदेश के कैबिनेट मंत्री गोपाल भार्गव के विधानसभा क्षेत्र गढ़ाकोटा अंतर्गत कर्ज में डूबे एक और किसान की फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर देने का घटनाक्रम सामने आया है पुलिस ने सड़ चुकी लाश को बरामद करके जांच कार्रवाई शुरू कर दी है। एक सप्ताह में क्षेत्र के किसान के फांसी लगाकर खुदकुशी कर लेने का यह दूसरा मामला सामने आया है।

 गढ़ाकोटा थाना क्षेत्र के कुमेरिया-भटौली गांव से करीब 10 दिनों से लापता किसान जगदीश कुर्मी 35 वर्ष का शव सड़ी-गली हालत में आज पेड़ से लटकता मिलने से सनसनी के हालात बन गए। 5 अक्टूबर से लापता  जगदीश कुर्मी की गुमशुदगी की रिपोर्ट परिजनों द्वारा गढ़ाकोटा खाने में दर्ज कराई थी। लेकिन जगदीश का कोई पता नहीं लग सका था। आज कदला गांव के भदभदा नाले के पास जंगल में  लकड़ियां काटने पहुंचे  कुछ लोगों को पेड़ से लटकता शव दिखने पर पुलिस को सूचना दी गई। जिसके बाद शव की शिनाख्त लापता जगदीश कुर्मी के तौर पर की गई। 

मृतक के परिजनों का कहना है कि जगदीश के 2 एकड़ के खेत में लगातार दूसरे साल भी सोयाबीन की फसल खराब हो गई थी। जिससे उसने पिछले दोनों खड़ी फसल में बखरनी करवा दी थी। वेटी के विवाह की चिंता और कर्ज नही चुका पाने से भी परेशान रहता था। बताया जा रहा है कि इन सब बजह से वह यह आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर हुआ होगा। मामले में एसडीओपी अनुराग पांडे का कहना है की पुलिस पूरे घटनाक्रम की बारीकी से जांच कर रही है वही पोस्टमार्टम कराकर तो परिजनों को सौंप दिया गया है। 

प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री  और भाजपा के कद्दावर नेता श्री गोपाल भार्गव के विधानसभा निर्वाचन और गृह क्षेत्र गढ़ाकोटा थाना क्षेत्र में एक सप्ताह के अंदर किसान आत्महत्या का दूसरा मामला सामने आने से क्षेत्र में किसानों की मनोदशा और हालात का अंदाजा लगाया जा सकता है। इसके पूर्व सोमवार को सागर जिला मुख्यालय से करीब 45 किलोमीटर दूर गढ़ाकोटा थाना अंतर्गत बाबूपुरा गांव के निवासी बुजुर्ग किसान गोले लीधी पिता मानसिंह लोधी 61 का शव धवई वाले खेत में फांसी पर झूलते मिलने से हड़कंप के हालात बन गए। पुलिस इस मामले की जांच कारवाई अभी पूरी नहीं कर पाई थी कि पांच दिन बाद शुक्रवार को एक ओर किसान की खुदकुशी की घटना सामने आ गई।

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